इजराइल में नई सरकार बनाने के लिए गादी आइजनकोट की 4 शर्तें

हरेदी समुदाय की सैन्य सेवा अनिवार्य करने की मांग
नेतन्याहू को सत्ता से हटाने के लिए विपक्षी दलों से बातचीत तेज; 120 सीटों वाली संसद में बहुमत के लिए 61 सीटें जरूरी
तेल अवीव। इजराइल में नई सरकार के गठन को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। विपक्षी नेता गादी आइजनकोट ने सरकार बनाने के लिए चार शर्तें रखी हैं। इजराइली मीडिया वायनेट (Ynet) के मुताबिक, उनकी प्रमुख मांगों में हरेदी समुदाय के लोगों के लिए सैन्य सेवा अनिवार्य करना शामिल है। आइजनकोट ने कहा है कि जो राजनीतिक दल इन शर्तों को स्वीकार करेंगे, उनके लिए गठबंधन में शामिल होने का रास्ता खुला है।
आइजनकोट की अन्य शर्तों में इजराइल को यहूदी और लोकतांत्रिक देश बनाए रखना तथा गाजा से हमास का शासन खत्म करना शामिल है। इन शर्तों के जरिए उन्होंने नई सरकार की नीतियों और प्राथमिकताओं को लेकर अपना रुख स्पष्ट किया है।
नेतन्याहू को सत्ता से हटाने की कोशिश
आइजनकोट प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू को सत्ता से हटाने के लिए अलग-अलग राजनीतिक दलों के नेताओं से बातचीत कर रहे हैं। उनका उद्देश्य विपक्षी दलों को एकजुट कर नई सरकार के गठन का रास्ता तैयार करना है।
किसी गठबंधन को नहीं मिला बहुमत
27 अक्टूबर को हुए चुनाव में किसी भी गठबंधन को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला। इजराइल की संसद में कुल 120 सीटें हैं और सरकार बनाने के लिए कम से कम 61 सांसदों का समर्थन जरूरी है।
आइजनकोट की पार्टी याशार ने 21 सीटें जीतकर विपक्ष की सबसे बड़ी पार्टी के रूप में जगह बनाई है। ऐसे में नई सरकार के गठन के लिए दूसरे दलों का समर्थन जुटाना अहम होगा। आइजनकोट की चार शर्तों पर अन्य राजनीतिक दलों का रुख तय करेगा कि इजराइल में अगली सरकार किस गठबंधन की बनेगी।









