महाकाल मंदिर के वीआईपी कल्चर पर डोरेमॉन का व्यंग्य

सोशल मीडिया पर जारी वीडियो का विरोध, प्रशासक प्रथम कौशिक ने कहा कार्रवाई होगी

उज्जैन। श्री महाकालेश्वर मंदिर का एक एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) जनरेटेड वीडियो सामने आने के बाद पुजारियों, श्रद्धालुओं और मंदिर समिति ने कड़ी आपत्ति जताई है। इस विवादास्पद वीडियो में लोकप्रिय कार्टून कैरेक्टर डोरेमॉन महाकाल मंदिर के अंदर जाता हुआ दिखाई दे रहा है।
दरअसल, गुरुवार को सोशल मीडिया पर जारी इस वीडियो में मंदिर के वीआईपी कल्चर पर व्यंग्य किया गया है। जिसमें डोरेमन नामक कार्टून पात्र महाकाल मंदिर के गर्भगृह में जाने का प्रयास करता है। फिर वीआईपी पास लेकर अंदर जाता है। लेकिन इसे चित्रित करते वक्त वीडियो में कई ऐसी बातें दिखाई गई हैं जो मंदिर की धार्मिक मर्यादा के विरुद्ध है। इस कारण वीडियो का विरोध हो गया। यह वीडियो किसने बनाकर वायरल किया, यह अभी स्पष्ट नहीं हुआ है।
प्रशासक ने कहा, वायरल करने वाले पर एक्शन होगा
वीडियो के वायरल होने के बाद मंदिर समिति के प्रशासक प्रथम कौशिक ने मीडिया से कहा कि यह वीडियो मंदिर की छवि खराब करने वाला है। वीडियो को वायरल करने वाले के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
पुजारियों की आपत्ति
महाकाल मंदिर के पुजारी महेश शर्मा ने इस वीडियो पर कड़ी आपत्ति जताते हुए कहा, वीडियो में गार्ड जूते पहने हुए दिखाई दे रहा है। यह वीडियो सनातन धर्म पर कुठाराघात है। मैं पुजारी महासंघ की ओर से इसकी निंदा करता हूं। उन्होंने मांग की कि इस तरह के वीडियो को सोशल मीडिया पर बैन किया जाना चाहिए और वीडियो बनाकर वायरल करने वालों तथा गार्ड पर कार्रवाई की जानी चाहिए।
इन कारणों से वीडियो पर आपत्ति
जूते पहने गार्ड: वीडियो में गर्भगृह की देहरी पर खड़ा मंदिर का गार्ड जूते पहने हुए दिखाई दे रहा है। यह महाकाल मंदिर की परंपरा और नियमों का सीधा उल्लंघन है। क्योंकि मंदिर में जूते पहनकर चांदी द्वार के बाद नहीं जा सकते।
वीआईपी पास और स्टॉल: डोरेमॉन जब गर्भगृह में जाने की कोशिश करता है, तो गार्ड उसे रोककर कहता है कि अंदर जाने के लिए वीआईपी पास लगता है। इसके बाद एक युवक को मंदिर के बाहर स्टॉल लगाकर 250 के पास बेचते दिखाया गया है। जबकि गर्भगृह में प्रवेश के लिए 250 रुपए का कोई पास नहीं मिलता और न ही इस तरह स्टॉल लगाकर शीघ्र दर्शन का पास बेचा जाता है।
जेल से डोरेमॉन: पास लेकर डोरेमॉन को गर्भगृह में दर्शन करते दिखाया गया है, और बाद में उसे जेल से निकलते हुए दिखाया गया है।








