199 रुपए करोड़ की महाकालेश्वर रोप-वे परियोजना ने पकड़ी रफ्तार

त्रिवेणी संग्रहालय के पास स्मार्ट पार्किंग का एक हिस्सा और मालगोदाम का 1 गेट बंद
अक्षरविश्व न्यूज|उज्जैन। 199 करोड़ रुपए की महाकालेश्वर रोप-वे परियोजना ने देर से ही सही लेकिन रफ्तार पकड़ ली है। काम की शुरुआत के साथ ही माल गोदाम के एक गेट को पूरी तरह से यात्रियों के लिए बंद कर दिया गया है जिसके चलते अब केवल एक ही गेट से पैसेंजर आना-जाना कर रहे हैं।
इसके अलावा त्रिवेणी संग्रहालय के समीप स्थित स्मार्ट पार्किंग के एक हिस्से में जाली लगाकर वाहनों की पार्किंग बंद कर दी गई है और रोप-वे कमिंग सून के बैनर लगा दिए गए हैं ताकि बोर्डिंग स्टेशन बनाया जा सके।
हालांकि, शेष हिस्से में वाहनों की पार्किंग की जा रही है। दरअसल, परियोजना के अनुसार रेलवे स्टेशन से श्री महाकालेश्वर मंदिर तक रोप-वे का निर्माण और संचालन किया जाएगा।नेशनल हाईवे लॉजिस्टिक मैनेजमेंट कंपनी ने इसकी कमान ठेकेदार एमएस इंफ्रा इंजीनियरिंग को सौंपी है। परियोजना के तहत रोप-वे के लिए कुल 3 स्टेशन बनाए जाएंगे।
रोप-वे परियोजना एक नजर में
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| परियोजना का नाम | रोप-वे परियोजना |
| कुल लंबाई | 1.762 किलोमीटर |
| कुल लागत | ₹199 करोड़ |
| कुल क्षमता | 2000 PPHPD (यात्री प्रति घंटा, प्रति दिशा) |
| स्टेशन की संख्या | 3 |
| टॉवर्स की संख्या | 13 |
| कुल कैबिन | 48 |
| प्रति कैबिन क्षमता | 10 व्यक्ति |
| यात्रा का अनुमानित समय | 7 मिनट |
मालगोदाम का गेट बंद
महाकालेश्वर रोप-वे परियोजना के लिए पहला स्टेशन इंदौरगेट स्थित माल गोदाम परिसर में बनाया जाएगा, इसके लिए काम की शुरुआत हो गई है। बतौर एहतियातन फुट ओवरब्रिज के समीप बने गेट को यात्रियों और वाहनों के लिए बंद कर दिया गया है। अब इसके पास स्थित दूसरे गेट से पैंसेजर्स आ-जा सकेंगे।

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