2.70 लाख रुपए प्रति किलो भाव का आम बाबा महाकाल को अर्पित

दुनिया की 8 दुर्लभ किस्मों के आम का भोग लगा
अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। श्री महाकालेश्वर मंदिर में जबलपुर के दर्शनार्थी संकल्प सिंह परिहार, पत्नी रानी सिंह ने भगवान महाकाल को दुनिया की सबसे दुर्लभ एवं महंगी किस्मों के 8 प्रकार के आम भोग स्वरूप समर्पित किए। परिहार दंपत्ति की महाकाल हाइब्रिड फार्म है। वर्ष 2014 से लगातार वे अपने फॉर्म पहली उपज भगवान महाकाल को अर्पित करते आ रहे हैं। मंगलवार को कुल 5 किलो प्रीमियम आम चढ़ाए हैं। इनमें सबसे अधिक चर्चा जापान की विश्वप्रसिद्ध मियाज़ाकी किस्म की रही, जिसे दुनिया के सबसे महंगे आमों में गिना जाता है और अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत करीब 2.70 लाख रुपये प्रति किलोग्राम है।
इसके साथ ही ऑस्ट्रेलिया की प्रसिद्ध आर2ई२ किस्म, अमेरिका, मलेशिया और भारत की श्रेष्ठ मल्लिका वैरायटी को भी भोग में शामिल किया गया।
जानिए क्यों खास है जापान का यह आम
जापान के मियाज़ाकी प्रांत में उगने वाले इस विशेष आम का मूल नाम ताइयो-नो-टोमागो यानी सूर्य का अंडा है। गहरे लाल रंग का यह आम अपनी असाधारण मिठास, मनमोहक सुगंध और पोषक तत्वों के लिए जाना जाता है। सामान्य आमों की तुलना में इसमें प्रचुर मात्रा में प्राकृतिक शर्करा, एंटीऑक्सीडेंट, बीटा-कैरोटीन और फोलिक एसिड पाया जाता है। 350 से 900 ग्राम तक वजनी यह आम अपनी इन्हीं खूबियों के कारण पूरी दुनिया में लाखों रुपये की कीमत पर बिकता है।









