प्रवासी भी मातृभूमि का ऋण चुकाने को तत्पर

अंतरराष्ट्रीय प्रवासी दिवस पर विशिष्ट व्याख्यान में बोले कुलगुरु

अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। पं. जवाहरलाल नेहरू व्यवसाय प्रबंधन संस्थान, विक्रम विवि में अंतरराष्ट्रीय प्रवासी दिवस पर आयोजित विशिष्ट व्याख्यान प्रसंग में मुख्य अतिथि विक्रम विवि के कुलगुरु प्रो. डॉ. अर्पण भारद्वाज ने कहा कि हर प्रवासी अपनी मातृभूमि का कर्ज चुकाने के लिए तैयार है। इसके लिए जितना बन पड़ेगा, संस्थाओं के स्तर पर बन पड़ेगा और विश्वविद्यालय इस दिशा में सहयोग करेगा।
इस अवसर पर मप्र मानव अधिकार आयोग की अध्यक्ष डॉ. संध्या सक्सेना ने विचार व्यक्त किए। पं. जवाहरलाल नेहरू व्यवसाय प्रबंध संस्थान के निदेशक प्रो. धर्मेंद्र मेहता ने बताया कि दुनियाभर में अंतरराष्ट्रीय प्रवासियों की संख्या 28.1 करोड़ हो चुकी है, जिससे हर आठ में से एक व्यक्ति प्रवासी है। उन्होंने वैश्विक प्रवास से जुड़े गंभीर मुद्दों पर चर्चा करने और छात्रों व शिक्षकों को जागरूक करने का अवसर प्रदान किया। कार्यक्रम में प्रो. डॉ. दीपक गुप्ता, प्रो. डॉ. कामरान सुल्तान, डॉ. नयनतारा डामोर डॉ. सचिन राय, प्रो. डॉ. डीडी बेदिया आदि मौजूद थे।









