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करवा चौथ के निर्जला व्रत में सेहत रहेगी दुरुस्त, पहले से कर लें ये 6 तैयारियां

करवा चौथ पर महिलाएं पति की लंबी उम्र और सुखी वैवाहिक जीवन की कामना के साथ निर्जला व्रत रखती हैं। इस दिन सुबह सरगी खाने के बाद महिलाएं चांद निकलने तक भोजन और पानी से दूर रहती हैं। हालांकि, लंबे समय तक भूखे-प्यासे रहने से कुछ महिलाओं को सिरदर्द, चक्कर, थकान और कमजोरी महसूस हो सकती है। ऐसे में व्रत की तैयारियों के साथ अपनी सेहत का ध्यान रखना भी जरूरी है। कुछ आसान सावधानियां अपनाकर असहजता का जोखिम कम किया जा सकता है।

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1. सरगी में लें पौष्टिक और संतुलित आहार

करवा चौथ की सरगी में ऐसी चीजें शामिल करें, जो शरीर को ऊर्जा दें और पेट को लंबे समय तक भरा रखने में मदद करें। इसके लिए दलिया, ओट्स, रोटी, दही, दूध, पनीर और मौसमी फल अच्छे विकल्प हो सकते हैं। इनमें कार्बोहाइड्रेट, प्रोटीन और फाइबर मिलता है, जो संतुलित आहार का हिस्सा हैं। सरगी में बहुत ज्यादा मिठाई, तली हुई चीजें और नमकीन भोजन खाने से बचें। अधिक नमक प्यास बढ़ा सकता है, जबकि ज्यादा मीठा खाने से कुछ लोगों को थोड़ी देर बाद फिर भूख लग सकती है।

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2. व्रत से पहले हाइड्रेशन का रखें ध्यान

निर्जला व्रत में दिनभर पानी नहीं पीया जाता, इसलिए व्रत शुरू होने से पहले पर्याप्त पानी पीना जरूरी है। करवा चौथ से एक दिन पहले नियमित अंतराल पर पानी पिएं और सरगी के समय भी पानी पीना न भूलें। नारियल पानी, दूध और पानी से भरपूर फल भी सामान्य डाइट का हिस्सा हो सकते हैं। हालांकि, एक साथ बहुत ज्यादा पानी पीने से बचें। पहले से पर्याप्त पानी पीने के बावजूद निर्जला व्रत में डिहाइड्रेशन हो सकता है। इसलिए चक्कर, तेज कमजोरी या बहुत कम पेशाब जैसे लक्षणों को नजरअंदाज न करें।

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3. चाय-कॉफी की आदत में अचानक बदलाव न करें

अगर आप रोजाना कई कप चाय या कॉफी पीती हैं, तो व्रत वाले दिन अचानक कैफीन बंद करने से सिरदर्द हो सकता है। इसे कैफीन विदड्रॉल कहा जाता है। ऐसी परेशानी से बचने के लिए व्रत से कुछ दिन पहले ही चाय-कॉफी की मात्रा धीरे-धीरे कम करना मददगार हो सकता है।

4. व्रत से पहले पूरी करें नींद

करवा चौथ से पहले मेहंदी, खरीदारी और घर की तैयारियों में देर रात तक जागने से नींद पूरी नहीं हो पाती। इससे अगले दिन थकान, चिड़चिड़ापन और सिरदर्द बढ़ सकता है। इसलिए कोशिश करें कि व्रत से पहले रात को पर्याप्त नींद लें और जरूरी काम समय रहते निपटा लें।

5. व्रत के दिन ज्यादा मेहनत और धूप से बचें

लंबे समय तक धूप में रहने, भारी काम करने या ज्यादा शारीरिक मेहनत करने से शरीर में पानी की कमी और कमजोरी का जोखिम बढ़ सकता है। इसलिए व्रत के दिन घर के जरूरी काम पहले ही निपटा लें। संभव हो तो ठंडी और आरामदायक जगह पर रहें और दिनभर ज्यादा मेहनत करने से बचें।

6. शरीर के संकेतों को नजरअंदाज न करें

व्रत के दौरान हल्की थकान महसूस होना संभव है, लेकिन तेज चक्कर, बेहोशी, भ्रम, बहुत ज्यादा कमजोरी या धड़कन असामान्य होने जैसे लक्षण गंभीर हो सकते हैं। ऐसी स्थिति में व्रत जारी रखने के बजाय तुरंत चिकित्सा सहायता लें। डायबिटीज, किडनी की बीमारी, ब्लड प्रेशर की समस्या या नियमित दवाएं लेने वाली महिलाओं को निर्जला व्रत रखने से पहले डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए। गर्भावस्था और स्तनपान के दौरान भी लंबे समय तक भोजन-पानी से दूर रहना जोखिम भरा हो सकता है।

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करवा चौथ पर सेहत का ध्यान रखना भी जरूरी

करवा चौथ का व्रत रखने से पहले संतुलित सरगी, पर्याप्त हाइड्रेशन, अच्छी नींद और आराम की तैयारी करें। ध्यान रखें कि ये उपाय सिरदर्द, कमजोरी या डिहाइड्रेशन का खतरा पूरी तरह खत्म नहीं करते। अपनी सेहत को प्राथमिकता दें और परेशानी होने पर समय पर चिकित्सकीय मदद लें।

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