जहां 100 प्रतिशत रजिस्ट्री, वहां गांव में दिवाली मनाएंगे मंत्री : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

स्वामित्व योजना के शेष गांवों का होगा सर्वे, 15 तक 20 लाख रजिस्ट्री का लक्ष्य
अक्षरविश्व न्यूज भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंत्रियों को स्वामित्व योजना के उन गांवों में जाकर दिवाली और गोवर्धन पूजा उत्सव मनाने के निर्देश दिए हैं, जहां आबादी भूमि पर काबिज हितग्राहियों की 100 प्रतिशत रजिस्ट्री हो चुकी है। मंत्रियों को स्थानीय नागरिकों के बीच पहुंचकर उनकी खुशी में शामिल होने और योजना के फायदे बताने को कहा है। मुख्यमंत्री ने कैबिनेट बैठक में बताया कि योजना में रजिस्ट्री का आंकड़ा 50 लाख से बढ़कर 60 लाख तक पहुंच सकता है। सरकार मुफ्त रजिस्ट्री के लिए करीब 10 हजार करोड़ रुपए खर्च कर रही है।
15 नवंबर तक 20 लाख रजिस्ट्री का लक्ष्य
एमएसएमई मंत्री चैतन्य काश्यप ने बताया कि मुख्यमंत्री रजिस्ट्री योजना में राज्य सरकार स्वामित्व योजना के हितग्राहियों की रजिस्ट्री का शुल्क वहन कर रही है। यह रजिस्ट्री मालिकाना हक का प्रमाण है। प्रदेश में अब तक 15 लाख रजिस्ट्री हो चुकी हैं और 15 नवंबर तक 20 लाख का लक्ष्य है। आबादी सर्वे पूरा होने पर हितग्राहियों की संख्या 50 लाख से बढ़कर 60 लाख तक पहुंचने का अनुमान है। योजना पर करीब 10 हजार करोड़ रुपए खर्च होंगे।
वन, स्वास्थ्य और सिंचाई योजनाएं 2031 तक
कैबिनेट ने विभिन्न विभागों की योजनाओं को 2031 तक जारी रखने की मंजूरी दी है। वन विभाग की 8 योजनाओं के लिए 15,200 करोड़ रुपए और वन भूमि लिए जाने के बाद नए स्थान पर वनीकरण के लिए 1,994 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए हैं। लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा विभाग की इन्वेस्टमेंट प्रमोशन योजना के लिए 610 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। जल संसाधन विभाग की चार सिंचाई परियोजनाओं को पूरा करने के लिए योजनाएं जारी रखने का निर्णय लिया गया। इनमें पन्ना जिले की मझगवां मध्यम सिंचाई परियोजना, विदिशा जिले की लटेरी तहसील की मध्यम सिंचाई परियोजना और मऊगंज-सिंगरौली की हनुमना सिंचाई परियोजना शामिल हैं। हनुमना परियोजना से 1.20 लाख हेक्टेयर में सिंचाई होगी।









