आगर-मालवा : भारी बारिश से नदी-नाले उफान पर, कुंडलिया बांध के 6 गेट खोले

अक्षरविश्व न्यूज आगर-मालवा। जिले में रविवार रात से हो रही तेज बारिश के चलते नदी-नाले उफान पर आ गए हैं। सोयतकलां में कंठाल नदी का जलस्तर बढऩे से पानी निचली बस्ती में घुस गया। यहां पानी में फंसे लोगों को प्रशासन ने रेस्क्यू कर सुरक्षित बाहर निकाला।
वहीं, नलखेड़ा के समीप स्थित जिले के सबसे बड़े जलाशय कुंडलिया बांध के कैचमेंट क्षेत्र में लगातार बारिश होने से जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। जलस्तर बढऩे के बाद सोमवार को बांध के 11 में से 6 गेट खोले गए। इन गेटों से 3366.202 क्यूमेक पानी डाउनस्ट्रीम क्षेत्र में छोड़ा गया।
बांध से पानी छोड़े जाने को देखते हुए प्रशासन ने डाउनस्ट्रीम क्षेत्र के ग्रामों में समय रहते सूचना और सतर्कता संबंधी जानकारी पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। ग्रामीणों से नदी के आसपास नहीं जाने और नदी पार करने का प्रयास नहीं करने की अपील की गई है। जलस्तर बढऩे की स्थिति में विशेष सावधानी बरतने और प्रशासन के दिशा-निर्देशों का पालन करने को कहा गया है। हालात की गंभीरता को देखते हुए एडीएम, सुसनेर एसडीएम, एसडीओपी सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
सोयतकलां में हालात बिगड़े, इंदौर-कोटा हाईवे बंद

अक्षरविश्व न्यूज सोयतकलां। कस्बे सहित पूरे अंचल में देर रात से हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। लगातार बारिश के चलते क्षेत्र के प्रमुख नदी-नाले उफान पर हैं। निचले इलाकों में जलभराव और सड़कों पर कई फीट पानी जमा होने से इंदौर-कोटा राष्ट्रीय राजमार्ग पूरी तरह बंद हो गया है। हाईवे के दोनों ओर कई किलोमीटर तक वाहनों की लंबी कतारें लग गई हैं। बारिश का सबसे ज्यादा असर निचली बस्तियों और रिहाइशी इलाकों में देखने को मिला। देर रात अचानक घरों में पानी घुसने से अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलने पर बचाव दल मौके पर पहुंचा और मोटर बोट की मदद से पानी में फंसे दर्जनों परिवारों को सुरक्षित बाहर निकाला।
एहतियात के तौर पर बिजली वितरण कंपनी के कार्यालय परिसर में पानी भरने के बाद पूरे क्षेत्र की बिजली आपूर्ति बंद कर दी गई, ताकि किसी तरह की दुर्घटना न हो। प्रशासन ने जलभराव से प्रभावित लोगों और बेघर परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। पास के सरकारी प्राथमिक और माध्यमिक विद्यालयों को अस्थायी राहत शिविर बनाया गया है। यहां प्रभावित परिवारों के ठहरने, सूखे कपड़े, भोजन और पेयजल की व्यवस्था की जा रही है।
जिला प्रशासन मौके पर, लगातार निगरानी
हालात की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन देर रात से ही मौके पर पहुंचा। कलेक्टर, एसपी, एसडीएम, तहसीलदार, थाना प्रभारी सहित अन्य अधिकारियों ने जलभराव वाले क्षेत्रों और राहत शिविरों का जायजा लेकर व्यवस्थाओं की निगरानी की। इंदौर-कोटा मार्ग से गुजरने वाले यात्रियों से फिलहाल सुरक्षित स्थानों पर रुकने की अपील की है। पुलिस और आपदा प्रबंधन दल प्रभावित क्षेत्रों में लगातार गश्त कर रहे हैं और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं।
शाजापुर में 8 घंटे में 6 इंच बारिश
घरों-दुकानों में घुसा पानी, उपस्वास्थ्य केंद्र में जलभराव
अक्षरविश्व न्यूज शाजापुर। सावन के दूसरे सोमवार को शाजापुर जिले में झमाझम बारिश हुई। रविवार रात से सोमवार सुबह तक करीब 8 घंटे हुई तेज बारिश में लगभग 6 इंच पानी दर्ज किया गया। लंबे समय से बारिश का इंतजार कर रहे किसानों को इससे राहत मिली, वहीं लोगों को उमसभरी गर्मी से भी निजात मिली। तेज बारिश के कारण शाजापुर शहर के कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई। सोमवार सुबह करीब 8 बजे भाजपा कार्यालय के सामने नाला ओवरफ्लो हो गया। दूधाना स्थित उप स्वास्थ्य केंद्र में सोमवार सुबह करीब 10 बजे बारिश का पानी भर गया। इससे लाखों रुपए की मशीनरी और अन्य सामान भीग गया।
पुलिया का हिस्सा धंसा
लगातार बारिश के चलते सोमवार दोपहर मां राजराजेश्वरी मंदिर के पास स्थित बड़ी पुलिया का एक हिस्सा धंस गया। हादसे के बाद प्रशासन ने सुरक्षा के लिहाज से भारी वाहनों के निकलने पर रोक लगा दी है। दोपहर करीब 2 बजे पुलिया के कोने का हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया। खबर मिलते ही एसडीएम मनीषा वास्कले, तहसीलदार गौरव पोरवाल और पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों ने पुलिस के साथ मौके पर पहुंचकर मुआयना किया। क्षतिग्रस्त हिस्से के आसपास बैरिकेड्स लगा दिए गए हैं।
अकोदिया : 12 घंटे से मूसलाधार बारिश सलसलाई में मकानों में कमर तक पानी
अकोदिया। अकोदिया क्षेत्र में शुरू हुआ मूसलाधार बारिश का दौर करीब 12 घंटे से जारी है। लगातार बारिश के कारण जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। सबसे ज्यादा असर सलसलाई क्षेत्र में देखने को मिला, जहां कई मकानों में कमर तक पानी भर गया। सलसलाई निवासी सज्जू खां और एहसान खान के घरों में पानी घुसने से राशन, कपड़े, बिस्तर सहित घरेलू सामान भीगकर खराब हो गया। घरों के बाड़े में बंधे मवेशी भी पानी में फंस गए, जिन्हें ग्रामीणों ने मशक्कत कर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। लगातार बारिश से सलसलाई-खरसौदा मार्ग स्थित नाला उफान पर आ गया। तेज बहाव के कारण मार्ग पूरी तरह बाधित हो गया और क्षेत्र का जिला मुख्यालय से संपर्क टूट गया। सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और आवागमन ठप हो गया। ग्राम मदाना स्थित 33 केवी विद्युत उपकेंद्र परिसर में पानी भरने से क्षेत्र की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। वहीं घंसौदा क्षेत्र में नाला उफान पर आने से उसका पानी स्थानीय स्कूल परिसर में घुस गया। परिसर में पानी भरने के कारण स्कूल का ताला तक नहीं खुल सका।
जिले में पिछले 24 घंटे में 2.77 इंच औसत वर्षा दर्ज
जिले में पिछले 24 घंटे के दौरान मानसून सक्रिय रहा। गत दिवस से सोमवार तक जिले में 2.77 इंच औसत वर्षा दर्ज की गई। इस अवधि में कालापीपल तहसील में सर्वाधिक 6.02 इंच वर्षा दर्ज हुई। प्राप्त जानकारी के अनुसार पिछले 24 घंटे में शाजापुर तहसील में 1.54 इंच, मो. बड़ोदिया में 3.43 इंच, शुजालपुर में 3.54 इंच, गुलाना में 2.56 इंच, पोलायकलां में 1.10 इंच तथा अ. बड़ोदिया में 1.18 इंच वर्षा दर्ज की गई।









