साइकिल से कर डाला 26 हजार किलोमीटर का सफर, 21 हजार किलोमीटर का बाकी

सैनिकों की शहादत को सम्मान देने की अनूठी पहल
उज्जैन में बाबा महाकाल के दर्शन कर आगे रवाना
उज्जैन। यूपी के देवरिया के एक युवक के सिर पर सैनिकों की शहादत को सम्मान दिलाने का ऐसा जुनून चढ़ा कि वे साइकिल लेकर देश भ्रमण पर निकल पड़े। 2 साल पहले उन्होंने अपनी यात्रा शुरू की थी और उनका लक्ष्य 47 हजार किलोमीटर तक जाने का है। अब तक वे 26 हजार किलोमीटर का सफर तय कर चुके हैं। इस दौरान वे ३१ राज्य की ६१ छावनियों से होकर गुजरेंगे। 900 दिनों में उन्होंने यात्रा पूरी करने का लक्ष्य रखा है। गुरुवार रात वे उज्जैन पहुंचे और शुक्रवार को यहां से रवाना भी हो गए।
दरअसल, यह युवक हैं अभिषेक यादव। भारत भ्रमण करने के कारण उन्होंने अपना नाम अभिषेक यश भारत रखा है।
कैसे आया आइडिया: अभिषेक बताते हैं कि वे पेशे सेे लेखक हैं। कहानियां और लेख लिखते रहते हैं। 2019 में उन्होंने एक कहानी लिखी। शीर्षक था रीश्रंखला। यह कहानी एक सैनिक के जीवन पर केंद्रित थी और इसने ही यात्रा का मार्ग खोला। उन्हें लगा कि देश की सीमाओं को मुस्तैदी से सुरक्षित रखने वाले सैनिक किस हाल में रहते हैं। उनका जीवन कैसा होता है, उनका बलिदान कितना बड़ा होता है। यह आम आदमी के सामने आना चाहिए। यह काम एक यात्रा बेहतर कर सकती है। बस इस आइडिये के साथ ही उनका सफर शुरू हो गया।
बिना पैसा यात्रा
अभिषेक की यात्रा बिना पैसा यात्रा है। वह सिर्फ कपड़े और साइकिल लेकर चल रहे हैं। उनका भोजन, ठहरने की व्यवस्था लोगों के सहयोग से हो रही है। अच्छी बात यह है कि २६२६८ किलोमीटर का सफर तय करने के दौरान उन्हें कहीं भी खाने-पीने और ठहरने की दिक्कत नहीं आई। अभिषेक कहते हैं कि बिना पैसा यात्रा का मकसद लोगों को मानवीय मूल्यों से जोडऩे का है और अब तक के सफर में वे कामयाब भी रहे हैं।
रास्ते में गूगल फार्म पर फीडबैक
अभिषेक रास्ते में लोगों से मिलते हैं और उनसे सैनिकों की शहादत और सम्मान पर फीडबैक लेते हैं। इसके लिए उन्होंने गूगल फार्म तैयार किया है। इस फीडबैक को वे राष्ट्रपति को भेजेंगे।
यूपी के देवरिया से शुरू, यही होगी खत्म
अभिषेक ने अपनी यात्रा की शुरुआत पैतृक जिले यूपी के देवरिया से की थी। यहां से यूपी,उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर, लेह-लद्दाख, पंजाब, हरियाणा, हिमाचल, दिल्ली, राजस्थान, गुजरात, दीव होते हुए वे उज्जैन आए हैं। यहां से वे महाराष्ट्र, गोवा, केरल, तमिलनाडु, पुडुचेरी, कर्नाटक, तेलंगाना, ओडिशा, छत्तीसगढ़, पश्चिम बंगाल, असम, सेवन सिस्टर्स, बिहार होते हुए यूपी की तरफ वापसी करेंगे।
900 दिन में 47 हजार किलोमीटर चलने का लक्ष्य, अब समय बढऩे की संभावना
अभिषेक ने जब यात्रा शुरू की थी, तब 900 दिन में 47 हजार किलोमीटर चलना तय किया था। 31 राज्य की 61 छावनियों तक जाने का लक्ष्य उन्होंने रखा था। हालांकि अब यात्रा १ हजार से ज्यादा दिन में पूरी होने की संभावना है।









