सीट पर बैठने से पहले युवक ने ऊपर देखा तो उड़ गए होश, गायब था 1.75 लाख रुपए से भरा बैग

अक्षरविश्व न्यूज:उज्जैन। बस सफर के दौरान पौने दो लाख रुपयों से भरा बैग एक्सचेंज हो गया। पुलिस ने तुरंत सक्रिय होकर एक घंटे में उसे खोज निकाला।
शनिवार को उप्र के आगरा (बेलगंज) निवासी विनोद अग्रवाल और उनका बेटा धु्रव अग्रवाल निजी बस से उज्जैन से बदनावर की ओर जा रहे थे। धु्रव एक आयुर्वेदिक मेडिसिन कंपनी में मार्केटिंग का काम करता है। बस में भारी भीड़ होने के कारण शुरुआत में धु्रव को सीट नहीं मिली, जिसके चलते उसने अपना रुपयों से भरा बैग सीट के ऊपर बने केबिन में रख दिया।
बैग में 1.75 लाख रुपए कैश और कंपनी के दस्तावेज थे। जैसे ही बस इंगोरिया के पास पहुंची और सीट खाली हुई तो ध्रुव बैठने लगा। तभी उसकी नजर केबिन पर गई तो उसके होश उड़ गए। केबिन में से उसका बैग गायब था और उसकी जगह हूबहू उसी रंग-रूप का दूसरा बैग रखा हुआ था। बैग गायब देख पिता-पुत्र ने तुरंत बस रुकवाई और बिना वक्त गंवाए इंगोरिया थाना पुलिस को सूचना दी।
सटीक इनपुट के आधार पर पुलिस टीम ने गौतमपुरा मार्ग पर घेराबंदी की और बस से उतरे एक युवक को रोका, जिसके पास उसी रंग का बैग था। तलाशी लेने पर बैग के अंदर पूरे 1.75 लाख रुपए और मार्केटिंग के दस्तावेज सुरक्षित मिल गए।
गलती से हुई थी अदला-बदली
पुलिस की पूछताछ में पकड़े गए युवक ने बताया कि वह दुर्भावना से बैग नहीं ले गया था। दोनों बैग बिल्कुल एक जैसे दिखने के कारण वह गलती से धु्रव का बैग उठाकर बस से उतर गया था। उसने बस से उतरने के बाद बैग खोलकर भी नहीं देखा था। तस्दीक और पूरी जांच के बाद पुलिस ने रुपयों से भरा बैग धु्रव अग्रवाल और उनके पिता को सौंप दिया।









