मकर संक्रांति में तीन दिन शेष, प्रतिबंधित चायनीज डोर बेचते नाबालिग सहित दो पकड़ाए, 12 चकरी जब्त की

अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। मकर संक्रांति में भले ही तीन दिन शेष हैं लेकिन इसके बाद भी प्रतिबंधित चायना डोर को चोरी-छिपे बेचा जा रहा है। अब नानाखेड़ा स्टेडियम के सामने से १२ चकरी के साथ नाबालिग सहित दो को नानाखेड़ा पुलिस ने पकड़ा है। जब्त मांझे की कीमत 3 हजार रुपए है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!
दरअसल, चायना डोर से होने वाले हादसों को रोकने के लिए कलेक्टर ने चायना डोर के इस्तेमाल, बेचने और भंडारण पर प्रतिबंध लगाया था। इसके बाद से पुलिस लगातार दुकानों पर जाकर चैकिंग कर रही है, बावजूद इसके अलग-अलग थाना क्षेत्रों में चायना डोर बेचते हुए पुलिस अब तक कई लोगों को पकड़ चुकी है। ताजा मामला नानाखेड़ा क्षेत्र का है। मुखबिर की सूचना पर नानाखेड़ा पुलिस ने शांति पैलेस चौराहा क्षेत्र से चायना डोर बेचते नाबालिग सहित दो को पकड़ा। पूछताछ में युवक ने अपना नाम फरदीन पिता फरीद खान (19) निवासी अयोध्या बस्ती, आगर मालवा बताया। तलाशी लेने पर प्लास्टिक के झोले में रखी १२ चकरी चायनीज डोर जब्त की गई। दोनों ने बताया कि वह इसे बेचने के लिए लाए थे। पुलिस ने दोनों के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया है।
महाकाल पुलिस ने निकाला था जुलूस
5 जनवरी को महाकाल पुलिस ने बेगमपुरा से तीन युवकों को चायना डोर बेचते पकड़ा था। इसमें से दो नाबालिग थे, जबकि तीसरे का नाम सैफ पिता सादिक अली (19) निवासी बेगमपुरा था। इनके पास से 8 हजार रुपए के चायना डोर के २५ गट्टे जब्त किए गए थ। पुलिस ने आरोपी सैफ का जुलूस भी निकाला था।
ऑनलाइन बिक रहा मांझा
चायना डोर अभी भी कई वेबसाइट्स पर ऑनलाइन बिक रही है। पुलिस इस पर कार्र्रवाई कर रहा है लेकिन जमीनी स्तर पर निगरानी की कमी और ऑनलाइन उपलब्धता होने से इसे रोकना मुश्किल हो रहा है। हाल ही में पंडिताई का काम करने वाले विनय तिवारी निवासी जयसिंहपुरा के साथ हुए हादसे के बाद पुलिस सख्ती बढ़ा दी है।
कागजों में दिखता है प्रतिबंध
चायना डोर को लेकर हर साल पुलिस दुकानों व घर की छतों पर पहुंचकर सर्चिंग करती है। बावजूद इसके हर साल कई लोग मकर संक्रांति के चलते जानलेवा डोर की चपेट में आने से गंभीर घायल होते हैं। ऐसे में प्रतिबंध केवल कागजों में ही दिखता है। जरूरत यह पता लगाने की है कि अगर पाबंदी है तो फिर डोर से लाकर बेची जा रही है।









