मंदसौर की पंजाब नेशनल बैंक में 99.99 लाख रुपए का गबन

उज्जैन। मंदसौर के कैलाश मार्ग स्थित पंजाब नेशनल बैंक की शाखा में एक साल पहले हुए 99.99 लाख रुपए के गबन मामले में तत्कालीन मैनेजर और डिप्टी मैनेजर पर एफआईआरदर्ज की गई है। दोनों पहले से निलंबित चल रहे है। दरअसल उज्जैन रीजनल कार्यालय को चेस्ट शाखा में जमा रकम में गड़बड़ी की शिकायत मिली थी। इसमें बताया गया था कि मैनेजर (करेंसी चेस्ट) अनुज शर्मा और डिप्टी मैनेजर उत्कर्ष घावरी ने गबन किया है। उज्जैन रीजनल कार्यालय ने जोनल ऑडिट कार्यालय भोपाल को शिकायत भेजी थी। इसके बाद वहां से जांच टीम भेजी गई थी। इसमें आलोक कातरे, राजीव रंजन और गुलाबसिंह शामिल थे।

इनकी रिपोर्ट मेंपाया कि करेंसी चेस्ट में 14 मई 2025 को 4.5 करोड़ रुपए की राशि बताई गई थी। यह राशि 500 रुपए मूल्य के नोट में भी। इन नोटों की संख्या 81 हजार थी। भौतिक सत्यापान में पाया गया कि वास्तव में राशि 3.05 करोड़ रुपए ही थी और यह 500 के नोट में थी। नोटों की संख्या 61 हजार थी।
वास्तव में 20 हजार नोट कम थे। रुपयों में यह राशि 99.99 लाख रुपए थी। करेंसी चेस्ट में यह विसंगतियां फरवरी 2025 से ही चली आ रही थी, मगर इसकी जानकारी अनुज शर्मा ने 13 मई 2025 को दी। मौजूदा मैनेजर प्रदीप कुल्हारी ने मंदसौर कोतवाली में आवेदन दिया था, इस पर कार्रवाई करते हुए शर्मा और घावरी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। दोनों पहले से ही सस्पेंड हैं। थाना प्रभारी पुष्पेंद्र सिंह राठौर ने मामले की जांच सब इंस्पेक्टर उषा बारिया को सौंपी है।









