भगवान महाकाल का पंचामृत अभिषेक कर लगाया महाभोग

अगला अधिकमास सिंहस्थ के बाद, दो चैत्र रहेंगे

उज्जैन। सोमवार को अधिकमास का आखिरी दिन रहेगा। रविवार की सुबह भस्म आरती में परंपरा अनुसार भगवान श्री महाकालेश्वर जी को पुरुषोत्तम मास के पूर्ण होने पर एक दिन पहले चतुर्दशी तिथि पर पंचामृत अभिषेक, श्रृंगार और उसके बाद 56 भोग अर्पित किया गया। इसके बाद मंगलवार से आषाढ़ मास शुरू हो जाएगा। अगला अधिकमास अब सिंहस्थ के एक साल बाद 2029 में 16 मार्च से 13 अप्रैल तक रहेगा। दो चैत्र रहने के कारण गुड़ी पड़वा, नवरात्रि आदि त्यौहारों का उत्साह दोगुना होगा।
वीकेंड पर महाकाल मंदिर में बढ़ी भीड़
इधर, वीकेंड के चलते श्री महाकालेश्वर मंदिर श्रद्धालुओं की भीड़ भी बढ़ गई है। शनिवार की तरह ही रविवार को भी सुबह से ही मंदिर में दर्शनार्थियों का पहुंचना शुरू हो गया था।
दोपहर में यह संख्या हजारों में पहुंच गई। मप्र सहित गुजरात, कर्नाटक, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़ सहित अन्य राज्यों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। इससे हरिफाटक ब्रिज और महाकाल क्षेत्र में वाहना की रेलमपेल मच गई। कई जगह पार्किंग फुल हो गई।









