2019 में हुई थी शादी, अब विवाहिता की मौत पर हत्या का शक

पति बोला- कोई विवाद नहीं था, परिजन ने सिर पर चोट के निशान देख उठाए सवाल
अक्षरविश्व न्यूज देवास। मिश्रीलाल नगर में मंगलवार सुबह 27 वर्षीय मानसी पाटीदार की फांसी लगाने से मौत हो गई। पति नरेश पाटीदार के अनुसार, सुबह करीब 6.30 बजे मानसी किचन में साड़ी के फंदे पर लटकी मिली। परिजन उसे अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
जानकारी के अनुसार मानसी की शादी वर्ष 2019 में हुई थी और उसके दो छोटे बच्चे हैं। घटना के बाद इंदौर से पहुंचे मायके पक्ष के परिजन ने मौत को संदिग्ध बताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की। परिजनों ने मानसी के सिर पर चोट के निशान होने का दावा करते हुए घटना की परिस्थितियों पर सवाल उठाए। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच विवाद भी हुआ। सूचना पर पहुंची सिविल लाइन पुलिस ने समझाइश देकर स्थिति संभाली। पोस्टमार्टम कर शव परिजन को सौंप दिया गया। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।
मानसी के पति नरेश पाटीदार ने बताया कि घटना के समय वह सो रहा था। बड़े भाई की आवाज सुनकर वह नीचे आया और दरवाजा खोलने की कोशिश की, लेकिन दरवाजा बंद था। इसके बाद परिजन की मदद से दरवाजा तोड़ा गया तो मानसी फंदे पर लटकी मिली। नरेश का कहना है कि उनके बीच किसी तरह का विवाद नहीं था और पारिवारिक संबंध अच्छे थे। दंपत्ति का एक बेटा और एक बेटी है।
इंदौर से पहुंचे मानसी के छोटे भाई विवेक ने घटना की परिस्थितियों पर सवाल उठाए। उसका कहना है कि परिवार को बताया गया कि मानसी ने सुबह फांसी लगाई, लेकिन उसके गले और सिर पर चोट के निशान दिखाई दिए। विवेक ने यह भी कहा कि घटना किस स्थान पर हुई, इसे लेकर अलग-अलग बातें सामने आ रही हैं। इसी आधार पर मायके पक्ष ने संदेह जताते हुए मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। मानसी के चाचा राजेश कुमार ने बताया कि उनकी तबीयत खराब होने के कारण वे इंदौर के अस्पताल में भर्ती थे। घटना से एक दिन पहले मानसी ने उनसे फोन और वीडियो कॉल पर बात की थी। बातचीत के दौरान वह उनका हालचाल पूछ रही थी और मिलने आने की बात कह रही थी। राजेश के मुताबिक, बातचीत सामान्य थी, लेकिन अब मानसी की मौत की खबर से परिवार सदमे में है।
बयान दर्ज कर तथ्यों के आधार पर होगी कार्रवाई
सिविल लाइन पुलिस ने मानसी के शव का पोस्टमार्टम कराया। थाना प्रभारी विजय लोधी ने बताया कि परिजनों के बयान दर्ज किए जाएंगे। जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।









