कभी था चुंगी नाका, अब होगा सबसे न्यारा

तीन बत्ती चौराहा चौड़ीकरण की तैयारी तेज, रेड मार्किंग के बाद प्लान जमीन पर उतरने का इंतजार
चारों कोनों पर बनेगें सुंदर आइलैंड, लेफ्ट टर्न होगा आसान
अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। तीन बत्ती चौराहा जो किसी जमाने में नगर निगम का चुंगी नाका हुआ करता था, वह अब शहर का सबसे न्यारा चौराहा बनने जा रहा है। इसके लिए नगर निगम ने चौड़ीकरण की जद में आ रहे भवनों और दुकानों पर रेड मार्किंग कर दी है। जल्द ही प्रोजेक्ट को धरातल पर उतारा जाएगा। इससे व्यापारियों में हलचल मची हुई है। कुछ लोग इसे शहर विकास के लिए बता रहे तो प्रभावित व्यापारी इससे चिंतित हो गए हैं। हालांकि अभी किसी को नोटिस जारी नहीं किए गए हैं।
तीन बत्ती चौराहा 70 के दशक में अस्तित्व में आया था। बाद में नगर निगम का यहां चुंगी नाका बना था, जहां बसों से यात्री कर लिया जाता था। कई लोग इस बात से अनभिज्ञ हैं, लेकिन पुराने समय के लोग इसे अच्छी तरह से जानते हैं। बहरहाल, निगम ने इसे चौड़ा कर शहर का सबसे सुंदर और ट्रैफिक के हिसाब से सुगम चौराहा बनाने की योजना बनाई है। हालांकि अभी किसी को भी नोटिस नहीं दिए गए हैं लेकिन इससे व्यापारियों में हलचल मची हुई है।
जिनकी दुकानें हैं वे चाहते हैं चौड़ाई कम की जाए, जिससे उन्हें भी नुकसान न हो या मार्केट दर पर मुआवजा दिया जाए। इस सिलसिले में वे निगम के जा प्रतिनिधियों और अधिकारियों से चर्चा कर रहे हैं। निगम अधिकारी भी प्रोजेक्ट को आगे बढ़ाने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों के आदेश का इंतजार कर रहे हैं। महापौर मुकेश टटवाल ने इस संबंध में बात की है। कम से कम नुकसान कर सौंदर्यीकरण करने का कहा है।
पेट्रोल पंप पर संकट: चौराहे के पास संत बालीनाथ प्रतिमा के ठीक पीछे सीपी शाह पेट्रोल पंप पर भी संकट मंडरा रहा है। चौड़ीकरण के लिए जो निशान लगाए गए हैं उसके दायरे में की मशीन आ रही है। करीब 30 साल पुराना पंप अभी किराए की जमीन पर है, जिसका किराया 15 हजार रुपए महीना है। इसके मालिकाना हक को लेकर कानूनी लड़ाई भी चल रही है।
बैरवा मंगल भवन भी पूरी तरह से जद में: चौराहे पर बैरवा मंगल भवन भी है, जो पूरा का पूरा चौड़ीकरण की जद में आ रहा है। भवन की अधिकतर दुकानें किराए पर हैें। बैरवा पंचायत सामाजिक न्यास का कहना है कि बदले में दूसरी जगह उपलब्ध करा दी जाए तो वे जगह देने को तैयार हैं।
संत बालीनाथ की प्रतिमा आइलैंड में शामिल होगी
चौराहे पर संत बालीनाथ जी की प्रतिमा है। निगम अधिकारियों के अनुसार प्रतिमा को आइलैंड में शामिल किया जाएगा, जिससे लेफ्ट टर्न निकल जाएगा और प्रतिमा यथावत रहेगी। चौड़ीकरण में दो हनुमान व शीतलामाता मंदिर भी प्रभावित होंगे।
सात साल पहले भी बना था प्रोजेक्ट : स्मार्ट सिटी के तहत सात साल पहले चौराहा सौंदर्यीकरण का प्रोजेक्ट बना था। बाद में यह फाइल में कैद हो गया। अब निगम प्रशासन ने पहली बार भवनों पर निशान लगाए हैं।
भाजपा महामंत्री की होटल भी चर्चा में: चौड़ीकरण में सियासी चर्चाएं इसलिए भी है क्योंकि भाजपा महामंत्री कमल बैरवा की होटल भी इसके दायरे में है। इसकी तल मंजिल को भोपाल की बापू की कुटिया ने किराए पर लिया है। इसके पास ही दिगंबर जैन समाज का चंद्र प्रभु मंदिर भी है। इस पर भी 8 मीटर से ज्यादा के निशान लगाए गए हैं। नवकार कॉम्प्लेक्स का भी बड़ा हिस्सा भी दायरे में है।
योजना एक नजर में
तीन बत्ती से इंदिरा गांधी प्रतिमा तक 24 मीटर चौड़ा होगा
तीन बत्ती से देवास रोड तरफ तक 45 मीटर चौड़ा होगा।
तीन बत्ती से माधवनगर रेलवे स्टेशन की ओर 30 मीटर चौड़ा होगा।
तीन बत्ती से नानाखेड़ा की ओर 30 मीटर चौड़ा होगा।
चारों कॉर्नर से सेंटर तक 50-50 मीटर चौड़ा होगा।
नानाखेड़ा की ओर तीन बत्ती से प्रकाश नगर तक 200 मीटर लंबाई तक होगा चौड़ीकरण।]
सौंदर्यीकरण जरूरी
यह सही है कि पहले तीन बत्ती चौराहा पर नगर निगम का चुंगी नाका था, जहां बसों से यात्री किराया किया जाता था। बाद में वह दो तालाब के पास शिफ्ट हो गया और बंद हुआ। बैरवा मंगल भवन भी उसके दायरे में आ रहा है, लेकिन चौड़ीकरण और सौंदर्यीकरण जरूरी है।
जयप्रकाश जूनवाल, अध्यक्ष बैरवा पंचायत सामाजिक न्यास एवं भाजपा नेता
खड़े रहने की जगह मिल जाए
मेरा तो इतना कहना है कि खड़े रहने की जगह मिल जाए। मेरे पिता ने बैरवा मंगल भवन के लिए पुराने समय में 30 हजार रुपए दिए थे, बदले में किराया नहीं लिया जाता है।
प्रवीण लोरवाडिया (सीनू)
टी स्टॉल संचालक
विकास भी जरूरी है
मेरा क्लीनिक भी चौड़ीकरण में आ रहा है, लेकिन शहर विकास भी जरूरी है। यहां आम दिनों में रोज जाम लगता है तो आने वाले समय में स्थिति और विकट होगी। पहले यहां वीआईपी मूवमेंट इसी चौराहे से होता था।
डॉ जीएस धवन, तीन बत्ती चौराहा
पंप ही नहीं बचेगा
जो निशान लगाए हैं, उसके अनुसार पेट्रोल पंप ही नहीं बचेगा। हालांकि यह किराए की जमीन पर है और 30 साल पुराना है। पहले यह बंद भी करना पड़ा था। असलम खान,
मैनजर सीपी शाह पेट्रोल पम्प









