काम अंतिम चरण में… सदावल में जून तक तैयार होंगे 4 नए हैलीपेड

सिंहस्थ की तैयारियों में आने वाले हेलिकॉप्टर उतर सकेंगे

अक्षरविश्व न्यूज|उज्जैन। सिंहस्थ 2028 को लेकर इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने की तैयारियां युद्धस्तर पर चल रही हैं। बडऩगर रोड पर सिंहस्थ क्षेत्र के सदावल में हैलीपेड का काम अंतिम चरण में है। दावा यह है कि जून तक प्रोजेक्ट कम्पलीट कर लिया जाएगा। इसके बाद सिंहस्थ की तैयारियों के सिलसिले में आने वाले वीआईपी के हेलिकॉप्टर भी यहां उतर सकेंगे।
सिंहस्थ २०२८ को देखते हुए हवाई सेवा के विस्तार के क्रम में सदावल में करीब १३ करोड़ रुपए की लागत से लोनिवि चार हैलीपेड का निर्माण कर रहा है। इनमें से तीन का निर्माण पूरा हो गया है। चौथे का काम थोड़ा बहुत बचा है। करीब १६०० मीटर की बाउंड्रीवॉल यहां पहले ही बना दी गई है। लाउंज की व्यवस्था भी यहां रहने वाली है। इन हैलीपेड के यहां बनने से सिंहस्थ में वीआईपी मूवमेंट आसानी से हो सकेंगे।
वर्तमान में शहर में पुलिस लाइन में एक हैलीपेड है जो सिंहस्थ क्षेत्र और श्री महाकालेश्वर मंदिर से दूर है। ऐसे में पुराने शहर में खासकर मेला क्षेत्र में शिप्रा के नजदीक एवं श्री महाकालेश्वर मंदिर के आसपास हैलीपेड की जरूरत महसूस की जा रही थी क्योंकि आगामी सिंहस्थ के दौरान बड़ी संख्या में वीआईपी का आना-जाना हवाई मार्ग से भी होगा। इसी को ध्यान में रखकर बडऩगर मार्ग के सदावल में हैलीपेड निर्माण के प्रोजेक्ट की रूपरेखा बनी थी जो अंब अंतिम चरणों में है।
यह फायदे होंगे
हवाई मार्ग से वीआईपी के पुलिस लाइन पर आने के बाद उनके गंतव्य तक पहुंचने के लिए कई मार्ग आम लोगों के लिए प्रतिबंधित करना पड़ते थे। अब इस समस्या से निजात मिलेगी। ना ही रास्ते बंद होंगे, ना ही वाहनों का जाम लगेगा और ना ही अमले को चौराहों पर तैनात करना पड़ेगा।
श्री महाकालेश्वर मंदिर एवं कालभैरव दर्शन के लिए आने वाले वीआईपी अब सदावल के नए हैलीपेड पर उतर सकेंगे और यहां से कम समय में मंदिर पहुंच सकेंगे। यातायात प्रबंधन के लिए मशक्कत नहीं करना पड़ेगी।
सिंहस्थ के दौरान वीआईपी का लगातार आना-जाना रहेगा। सिंहस्थ के बाद अन्य पर्व एवं विशेष अवसरों पर भी फायदा मिलेेगा।
नहीं हो सकी चर्चा
इस संबंध में लोनिवि के कार्यपालन यंत्री गौतम अहिरवार से उनके नंबर पर चर्चा करने का प्रयास किया लेकिन उन्होंने कॉल रिसीव नहीं किया।









