आईटी पार्क का सपना हो रहा साकार, दिखने लगी बिल्डिंग की झलक

2 हजार जॉब्स जनरेट होंगी, अन्य शहरों में नहीं जाना होगा नौकरी के लिए, हर फ्लोर पर टॉयलेट, कैफेटेरिया सहित हाईटेक सुविधाएं

अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। इंदौर रोड स्थित शासकीय इंजीनियरिंग कॉलेज के सामने आकार ले रहा आईटी पार्क अब धरातल पर साकार होता दिखाई दे रहा है। तेजी से चल रहे काम के कारण आईटी पार्क की बिल्डिंग की झलक अब पूरी तरह से दिखाई देेने लगी है। इसके बनने के बाद आईटी फील्ड से जुड़े युवाओं को ना सिर्फ जॉब्स मिलेंगी बल्कि आर्थिक गतिविधियों में भी विविधता आएगी। सिंहस्थ 2028 से पहले इस काम को पूरा कर लिया जाएगा।
पहले चरण में 46 करोड़ रुपए से आईटी पार्क का निर्माण मप्र इंडस्ट्रीयल डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन के माध्यम से किया जा रहा है। दरअसल, 21 दिसंबर 2024 को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आईटी पार्क का भूमिपूजन किया था। उन्होंने कहा था कि आईटी पार्क शहर के विकास में मील का पत्थर साबित होगा। भगवान महाकाल की धार्मिक-पर्यटन नगरी अब आईटी नगरी के रूप में भी जानी जाएगी। यह पार्क मालवांचल के युवाओं को तकनीकी रोजगार और नवाचार के अवसर उपलब्ध करवाएगा।
ऐसा होगा हमारा आईटी पार्क
आईटी पार्क 2.161 हेक्टेयर जमीन पर बन रहा है। इसमें 11239 वर्ग मीटर में बिल्डिंग बनेगी जिसकी ऊंचाई 31.7 मीटर है। हर फ्लोर पर टॉयलेट, कैफेटेरिया, ड्रिंकिंग वाटर, लिफ्ट और ऑफिस के लिए हाईटेक सुविधाएं उपलब्ध होंगी। इसके अलावा डिजाइन में केंटिलीवर छज्जे, वक्राकार रेखाएं, गहराई का आभास देने वाले वैनिशिंग पॉइंट्स और दोहराने वाले पेटर्न शामिल होंगे।
बड़ी कंपनियों के ऑफिस खुलेंगे
आईटी पार्क के बनने से कई बड़ी कंपनियों के ऑफिस यहां खुलेंगे जिससे करीब २ हजार जॉब्स जनरेट होंगी। ऐसे में आईटी सेक्टर से जुड़े वह युवा जो शहर छोड़कर नौकरी के लिए अन्य शहरों में जाते थे उनका पलायन रोकने में मदद मिलेगी, वहीं आर्थिक गतिविधियों में भी विविधता आएगी। आईटी पार्क में टेक कंपनियों और स्टार्टअप को सभी प्रकार की एडवांस सुविधाएं मिलेंगी।









