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चिंतामन गणेश मंदिर में तिल महोत्सव, दर्शनों को उमड़े श्रद्धालु

माघी संकष्टी चतुर्थी पर बड़ा गणेश मंछामन में दर्शनार्थियों का तांता…

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अक्षरविश्व न्यूज. उज्जैन:माघ मास की संकष्टी चतुर्थी पर सोमवार को चिंतामन गणेश मंदिर में तिल महोत्सव मनाया जा रहा है। भगवान गणेश को गुड़ व तिल्ली से बने पकवानों का महाभोग लगाया गया। शहर के अन्य गणपति मंदिरों में भी अभिषेक पूजन, अनुष्ठान, आरती व महाप्रसादी के आयोजन किया जा रहा है।

चिंतामन गणेश मंदिर में सोमवार सुबह 5 बजे मंदिर के पट खुले। भगवान चिंतामन गणेश का पंचामृत अभिषेक पूजन कर पूर्ण स्वरूप में विशेष शृंगार किया गया। भगवान को तिल से बने पकवानों का महाभोग लगाकर आरती की गई इसके बाद दर्शन का सिलसिला प्रारंभ हुआ। मंदिर प्रशासन द्वारा श्रद्धालुओं की सुविधा के विशेष इंतजाम किए गए हैं। अत्यधिक भीड़ होने पर भक्तों का गर्भगृह में प्रवेश प्रतिबंधित है। श्रद्धालुओं को सभामंडप से भगवान के दर्शन कराए जा रहे हैं।

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10 भुजाधारी गणेश का आकर्षक श्रृंगार

माघी संकष्टी चतुर्थी पर सोमवार को चक्रतीर्थ मुक्तिधाम में 10 भुजाधारी गणेश का तिल के लड्डुओं की माला से आकर्षक श्रृंगार किया गया। मंदिर के गर्भगृह में भगवान श्रीगणेश की अत्यंत चमत्कारी व दुर्लभ प्रतिमा है। इस तरह का मंदिर संपूर्ण विश्व में कहीं और नहीं है। यह मंदिर विश्व का इकलौता ऐसा मंदिर है, जहां श्री गणेश शमशान में विराजमान हैं।

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बड़े गणेश का 120 वां स्थापना दिवस

श्री बड़े गणेश मंदिर में माघी संकष्टी चतुर्थी पर बड़े गणेश की स्थापना का उत्सव मनाया जा रहा है। ज्योतिर्विद पं.आनंदशंकर व्यास ने बताया सुबह भगवान का पंचामृत अभिषेक पूजन किया गया। भगवान का नए वस्त्र व रजत आभूषणों से विशेष शृंगार किया गया। आश्रम के वेदपाठी बटुक राष्ट्र मंगल की कामना से गणपति अथर्वशीर्ष तथा आदित्य हृदय स्त्रोत के पाठ किया जा रहा है। सोमवार रात 9 बजकर 16 मिनट पर चंद्रोदय के बाद भगवान को लड्डुओं का महाभोग लगाकर आरती की जाएगी।

अविघ्न विनायक के आंगन में मनेगा उत्सव

खाकचौक पर श्री पंच रामानंदीय खाकी अखाड़े के समीप उज्जयिनी के षड्विनायक में से एक श्री अविघ्न विनायक का मंदिर है। मान्यता है वनवास के दौरान अवंतिका आने पर प्रभु श्रीराम ने विघ्नों के विनाश के लिए इनकी स्थापना की थी। सोमवार चतुर्थी पर भगवान का अभिषेक पूजन कर आकर्षक शृंगार किया जाएगा। भगवान को दो क्विंटल बेसन, एक क्विंटल गुड़ तिल्ली के लड्डू तथा एक क्विंटल नुक्ति का महाभोग लगाकर आरती की जाएगी।

गणपतेश्वर महादेव मंदिर

माघी चतुर्थी पर शिप्रा तट स्थित भगवान श्री गणपतेश्वर महादेव का फलों के रस, औषधि, सुगंधित द्रव्य तथा तिलयुक्त जल से अभिषेक कर पूजा अर्चना की जाएगी। भगवान का विशेष शृंगार होगा। महाभोग लगाकर आरती की जाएगी।

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