जिला अस्पताल में 5 वर्षीय मासूम ने तोड़ा दम

एंबुलेंस न मिलने से बच्चे की मौत का आरोप
शाजापुर। शाजापुर की अयोध्या बस्ती के 5 साल के हार्दिक जाटव की सोमवार सुबह जिला अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। परिजनों ने आरोप लगाया कि डॉक्टरों ने उसे इंदौर रेफर किया, पर सरकारी एंबुलेंस समय पर नहीं मिली। बच्चे के पिता बंटी जाटव ने बताया कि हार्दिक को पेट दर्द था। डॉक्टरों ने गंभीर हालत देख उसे इंदौर रेफर किया था। उनका आरोप है कि एंबुलेंस न मिलने से बच्चे की हालत बिगड़ती गई।
निजी एंबुलेंस के मांगे 8 हजार
एक निजी एंबुलेंस ने इंदौर ले जाने के लिए 8 हजार रुपए मांगे। सुबह 6 बजे सरकारी एंबुलेंस पहुंची, पर तब तक बच्चे ने दम तोड़ दिया था। परिजनों ने अस्पताल में हंगामा कर लापरवाही का आरोप लगाया।
परिजनों ने तंत्र-मंत्र कराया
सिविल सर्जन डॉ. बीएस मैना ने बताया कि बच्चा डबल निमोनिया से पीडि़त था और गंभीर हालत में लाया गया था। उन्होंने बताया कि अस्पताल आने से पहले परिजन उसका तंत्र-मंत्र से इलाज करवा रहे थे। परिजनों ने मामले की जांच की मांग की है।









