एग्रीमेंट के नाम पर बड़ा खेल, 53 लाख का ट्रक हड़पने वाले गिरफ्तार

सोशल मीडिया पर ट्रक बिक्री का विज्ञापन देखकर करते थे संपर्क
किस्तें चुकाने का भरोसा देकर वाहन ले जाते थे
कन्नौद के दो ट्रक गुरुग्राम पहुंचाए कई जिलों में वारदातों का खुलासा
देवास। सोशल मीडिया पर ट्रक बेचने का विज्ञापन देखकर आरोपियों ने वाहन मालिकों से संपर्क किया। फिर एग्रीमेंट कराया, कुछ रकम नकद दी और बाकी राशि की किस्तें बैंक खाते में जमा करने का भरोसा दिलाया। इसी झांसे में कन्नौद के दो ट्रक लेकर आरोपी फरार हो गए। करीब 53 लाख रुपए कीमत के एक ट्रक सहित दोनों वाहनों की किस्तें जमा नहीं होने पर मामला खुला।
कन्नौद के एक ट्रक मालिक ने वाहन बेचने के लिए सोशल मीडिया पर विज्ञापन डाला था। इसे देखकर हसीन नामक व्यक्ति ने संपर्क किया और अपने साथी दानिश के साथ कन्नौद पहुंचा। दोनों ने ट्रक खरीदने का एग्रीमेंट किया। कुछ नकद राशि देने के बाद शेष रकम की किस्तें बैंक खाते में जमा कराने का आश्वासन दिया और ट्रक लेकर चले गए। बाद में किस्तें जमा नहीं होने पर मालिक को धोखाधड़ी का संदेह हुआ। इसी तरह कन्नौद निवासी सलमान का ट्रक भी कथित फर्जी लिखा-पढ़ी और भुगतान के भरोसे पर ले लिया गया। दोनों ट्रकों का भुगतान नहीं होने पर वाहन मालिकों ने जानकारी जुटाई। इस दौरान ट्रकों के कथित तौर पर अवैध गतिविधियों और तस्करी में इस्तेमाल किए जाने की जानकारी सामने आई। शिकायत के बाद पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की। हसीन, इरशाद, दानिश और अशफाक अली की भूमिका सामने आई।
पुलिस के मुताबिक, आरोपी ट्रक लेकर हरियाणा के गुरुग्राम पहुंचे थे, जहां उन्हें रामेश्वर राठौर उर्फ राणा, परवेज और रवि नाम के लोगों को दिए जाने की जानकारी मिली। इसके आधार पर पुलिस ने कार्रवाई कर चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस अब गिरोह के अन्य संपर्कों और दूसरी वारदातों के संबंध में जांच कर रही है।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश कर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। आरोपियों में हसीन पिता मुबीन खान और इरशाद पिता शराफत, दोनों निवासी जिला विदिशा, दानिश पिता अय्युब अली, निवासी भोपाल और अशफाक अली पिता मजहर अली निवासी बडऩगर जिला उज्जैन है।









