रास्ते तो खुले, दुकानें भी ओपन, ग्राहक नहीं

शाही मस्जिद मसला : आठवें दिन खुले बाजार, दिक्कत अभी भी बरकरार
व्यापारियों ने की बैरिकेडिंग हटाने की मांग
उज्जैन। कंठाल चौराहा- छत्रीचौक मार्ग चौड़ीकरण के दायरे में आ रही शाही मस्जिद के हिस्से को हटाने के लिए बंद शहर का प्रमुख व्यवायिक क्षेत्र, सराफा, गोपाल मंदिर, कमरी मार्ग, पटनीबाजार, लखेरवाड़ी सोमवार को आठ दिन बाद खुल गए। दुकानें भले ही ओपन हो गई हों लेकिन बैरिकेडिंग के कारण व्यापारियों की दिक्कत बरकरार है। वे बैरिकेडिंग हटाने की मांग कर रहे हैं।
सोमवार को अक्षरविश्व टीम ने बाजार का मुआयना किया और स्थिति देखी।
खड़े हनुमान मंदिर, सराफा
कंठाल से खड़े हनुमान मंदिर तक आने वाला रास्ता खोल दिया गया है, पर टकसाली गणेश से आगे छतरीचौक तरफ यह बंद है। कंठाल चौराहा, सतीगेट, सराफा का बड़ा हिस्सा खुल चुका है। खड़े हनुमान मंदिर के पास भारी पुलिस बल तैनात है। सराफा में लोगों को वाहन दूर खड़ाकर पैदल आना पड़ रहा है। ग्राहक आ रहे हैं, लेकिन कामकाज कमजोर है।
सुरक्षा जरूरी, पर बैरिकेडिंग हटाना भी आवश्यक:सभी की सुरक्षा जरूरी है लेकिन बैरिकेडिंग हटना भी जरूरी है। अभी ग्राहक पैदल आ रहे हैं। उन्हेें वाहन दूर खड़ा करना पड़ रहा है। बैरिकेडिंग की वजह से ग्राहक नहीं आ पा रहे हैं। यह हटना चाहिए।
जितेंद्र समदानी, कपड़ा कारोबारी, सराफा
पूरे साल का सीजन, धंधा प्रभावित: साल का सबसे बड़ा सीजन सामने खड़ा है और बैरिकेडिंग के कारण कारोबार प्रभावित हो रहा है। दशहरा-दिवाली की तैयारी व्यापारी पहले से ही करके रखता है। पिछले १० दिन से कारोबार टूटा हुआ है। व्यापारी के साथ उनकी दुकान पर काम करने वाले लोग भी प्रभावित हो रहे हैं। सबका ध्यान रखना चाहिए।
शैलेंद्र कोठारी, व्यापारी, सराफा
गोपाल मंदिर छत्रीचौक सड़क बंद
पटनीबाजार से कमरी मार्ग की तरफ गोपाल मंदिर से होते हुए जाने वाला मार्ग खोल दिया गया है लेकिन गोपाल मंदिर से छत्रीचौक मार्ग पूरी तरह बंद है। यह क्षेत्र भी कमर्शियल है। यहां के तीस से ज्यादा व्यापारियों की दुकान बंद हैं।
पटनीबाजार दुकानें खुलीं, ग्राहक नहीं
महाकाल घाटी से गोपाल मंदिर मार्ग खुलने से पटनीबाजार पूरी तरह खुल गया है।
बर्तन, ज्वेलरी बाजार में दुकानें तो पूरी तरह खुल गई हैं, लेकिन ग्राहकी ना के बराबर है।
लखेरवाड़ी-छत्रीचौक मार्ग बंद
शाही मस्जिद के कारण लखेरवाड़ी-छत्रीचौक मार्ग पूरी तरह बंद है। हालांकि यहां के व्यापारियों ने भी अपनी दुकानों की साफ सफाई करने और सामान जमाना शुरू कर दिया है।
व्यापारियों ने बताई परेशानी
श्राद्ध के बाद आएगा मार्केट में उठाव: सराफा यूथ फेडरेशन के अध्यक्ष प्रशांत सोनी ने बताया सात दिनों से दुकानें बंद थीं। सभी व्यापारियों का नुकसान हुआ। अभी श्राद्ध चल रहे हैं इसलिए सराफा व्यवसाय को ज्यादा नुकसान नहीं हुआ है परंतु बरतन, किराना तथा अन्य व्यापारियों के बिजनेस पर असर हुआ है । श्राद्ध खत्म होने के बाद मार्केट में उठाव शुरू हो जाएगा।
आठ दिन से कफ्र्यू जैसा माहौल था: व्यापारी संतोष पोरवाल ने बताया पूरा सप्ताह कफ्र्यू जैसे माहौल में बीता। दुकानें बंद थीं, रास्ते ब्लॉक थे। अब ग्राहक का इंतजार है।









