जमीन के नाम पर बड़ा खेल, कहीं 43.53 लाख हड़पे तो कहीं फर्जी प्लॉट बेचा

पुणे की महिला को बिजलपुर के ब्रोकर ने लगाई चपत… रानीपुरा के व्यापारी का प्लॉट फर्जी सील-दस्तखत से हड़पने की साजिश
अक्षरविश्व न्यूज इंदौर। शहर के रियल एस्टेट बाजार में भूमाफिया और जालसाज बेखौफ होकर लोगों की गाढ़ी कमाई पर डाका डाल रहे हैं। क्राइम ब्रांच ने रविवार को जमीन की धोखाधड़ी और फर्जीवाड़े के दो बड़े मामलों में एफआईआर दर्ज कर जालसाजों पर शिकंजा कसा है।
पहले मामले में न्यू बिजलपुर निवासी प्रॉपर्टी ब्रोकर मोहित पिपले ने पुणे की महिला को तगड़ी चपत लगा दी। पुणे निवासी तनुजा सिद्धेश्वर ने संस्कृति पाम स्थित अपने दो प्लॉट बेचने के लिए ब्रोकर से संपर्क किया था। 73.20 लाख रुपए में सौदा तय कर शातिर ब्रोकर ने पहले दोनों प्लॉटों की रजिस्ट्री अपने नाम करवा ली। इसके बाद उसने महिला को केवल आंशिक भुगतान किया और बाकी के 43 लाख 53 हजार रुपए देने में टालमटोल शुरू कर दी। हद तो तब हो गई जब उसने दोनों प्लॉट तीसरे पक्ष को बेचकर पूरी रकम हड़प ली और फोन बंद कर लिया।
मृत वकील की नोटरी-फर्जी दस्तखत का खेल
दूसरा मामला मयूर गृह निर्माण सहकारी संस्था के 900 वर्गफीट प्लॉट से जुड़ा है। रानीपुरा निवासी कांच व्यापारी शाहिद उमर खां के इस प्लॉट पर जाकिर चौहान नामक व्यक्ति ने फर्जी कागजात तैयार कर कब्जा जमाने की कोशिश की। व्यापारी के विरोध करने पर आरोपी धमकियां देने लगा। क्राइम ब्रांच ने जब दस्तावेजों की बारीकी से चैकिंग की, तो चौंकाने वाला फर्जीवाड़ा बेनकाब हुआ। जाकिर जिस सद्दाम से जमीन खरीदना बता रहा था, वह संस्था का सदस्य ही नहीं था। कागजों पर संस्था पदाधिकारियों के फर्जी हस्ताक्षर थे और जिस वकील की नोटरी दिखाई गई, उनका पहले ही इंतकाल हो चुका था। आरोपी ने षड्यंत्र रचकर इस बेशकीमती जमीन को अन्य लोगों को बेचकर लाखों रुपए ऐंठने का पूरा जाल बिछा रखा था। पुलिस ने दोनों मामलों में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।









